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शुक्रवार, 21 दिसंबर 2012

सभी ब्लोगर बंधुओं से अनुरोध



सभी ब्लोगर्स से अनुरोध : अपने निजी ब्लॉग उद्देश्यों से परे , इस बात पर समवेत हों , एक हों ।


हो सकता है निजी तौर पर हम एक दुसरे के आज साथ हों या विरोध में हों - लेकिन यह विषय हमारी निजी पसंद और नापसंद से बड़ा है ।

हम सब ने देखा जो हुआ दिल्ली में, और यह भी देखा है कि क्या होता आया है हमारी न्याय व्यवस्था में, सामाजिक व्यवस्था में । कृपया दस दिन के उबाल के बाद बात को ख़त्म न हो जाने दें ।


इस बार """" एक जनवरी """" को :

बिना प्रतिहिंसा के, बिना प्रतिक्रियावाद के और बिना वायवीय बातों के बहुत ही फोकस्ड तरीके से ऐसे जघन्य बलात्कार पीड़िताओं के हित में, उनके परिवार के हित में और समस्त स्त्री जाति के हित में पूरे देश में फास्ट ट्रैक न्यायपीठों की स्थापना के बारे में माँग करते हुये लिखें जहाँ अपराध स्वयं सिद्ध है।

पढ़ें गिरजेश जी की पोस्ट "सभी ब्लॉगरों से एक अपील"

मैं लिखूंगी उस दिन इस एक ही विषय पर । कोई निरर्थक नव वर्ष शुभाशाओन के गीत नहीं - कि शुभाकांक्षाएं सम्पूर्ण नहीं हो सकतीं जब तक आधी आबादी निरंतर भय में जीती है । 

जो बच्ची दिल के अस्पताल में पडी है, वह हम में से कोई भी ,या हमारी बहन , बेटी , माँ , - हो सकती थी - बल्कि है । 

कृपया एक दिन सब मिल कर पूरी एकता से प्रयास करें - मैं लिखूंगी एक जनवरी को । क्या आप मेरे साथ हैं ?

7 टिप्‍पणियां:

  1. चलो जी आज गिरीराज जी का लेख देखते है।

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  2. शिल्पा जी! मैंने भी उनसे वादा किया है कि मैं लिखूंगा!!

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  3. ये किसी एक की समस्या नहीं है, हम सबकी सांझी समस्या है।

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  4. सहमति ...नहीं लिख पाए तब भी शुभकामनायें साथ होंगी !

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